
बिंदुखत्ता के पर्यावरण संरक्षण संघर्ष समिति और सेंचुरी पेपर मिल के बीच मिल परिसर में आयोजित समझौता वार्ता
लालकुआं। बिंदुखत्ता के पर्यावरण संरक्षण संघर्ष समिति और सेंचुरी पेपर मिल के बीच प्रदूषण और स्थानीय लोगों को रोजगार देने सहित कई मामलों को लेकर लंबे समय से चल रही तनातनी में आज विराम लग गया। मिल परिसर में आयोजित समझौता वार्ता के दौरान दोनों पक्षों के बीच प्रभावित क्षेत्र में शुद्ध पेयजल मुहैया कराने, घोड़ानाले को भूमिगत करने के लिए कार्रवाई करने, क्षेत्र के युवाओं को योग्यता अनुसार रोजगार प्रदान करने सहित तमाम बिंदुओं पर सहमति बन गई है।
आयोजित बैठक के दौरान बिंदुखत्ता एवं घोड़ानाला क्षेत्र में शुद्ध पेयजल उपलब्ध कराने के लिए जल संस्थान के माध्यम से ट्यूबवेल लगाने एवं ओवरहेड टैंक निर्माण करने, जरूरत पड़ने पर इंडिया मार्का हैंडपंप लगाने, स्थानीय युवाओं को योग्यता के अनुसार मिल में वरीयता के आधार पर रोजगार प्रदान करने, प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्र बिंदुखत्ता को स्वास्थ्य संबंधी विभिन्न उपकरण मुहैया कराने, घोड़ानाले को भूमिगत करने के लिए वन विभाग से सहमति प्राप्त कर चरणबद्ध तरीके से निर्माण शुरू करने सहित विभिन्न अन्य मांगों पर भी दोनों पक्षों में सहमति बनी है। इस मौके पर समिति के पदाधिकारियों ने सेंचुरी मिल प्रबंधन को एक ज्ञापन भी सौंपा।
वार्ता के दौरान सेंचुरी पेपर मिल के मुख्य कार्यकारी अधिकारी जेपी नारायण, महाप्रबंधक नरेश चन्द्रा, सुभाष शर्मा, रणजीत बोरा और पर्यावरण संरक्षण संघर्ष समिति की ओर से हरीश बिसौती, हर्ष बिष्ट, आनंद गोपाल सिंह बिष्ट, नंदन बोरा, बसंत पांडे, राजू नेगी और गोपाल सिंह शामिल थे।//// रमाकान्त पन्त///









