देहरादून। उत्तराखण्ड की राजनीति में लंबे समय से प्रतीक्षित मंत्रिमंडल विस्तार आखिरकार साकार हो गया। शुक्रवार को लोक भवन में आयोजित गरिमामयी समारोह में राज्यपाल गुरमीत सिंह (लेफ्टिनेंट जनरल) ने नवनियुक्त मंत्रियों को पद एवं गोपनीयता की शपथ दिलाई। इस दौरान मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी भी मंच पर उपस्थित रहे और उन्होंने नए मंत्रियों को शुभकामनाएं दीं।
समारोह में विधायक खजान दास, मदन कौशिक, भरत सिंह चौधरी, प्रदीप बत्रा और राम सिंह कैड़ा को मंत्री पद की शपथ दिलाई गई। शपथ लेते ही सभी मंत्रियों ने राज्य के विकास, पारदर्शिता और जनसेवा के प्रति अपनी प्रतिबद्धता जताई।
लोक भवन में आयोजित यह समारोह पूरी तरह गरिमामय और अनुशासित माहौल में संपन्न हुआ। कार्यक्रम की शुरुआत राष्ट्रगान के साथ हुई, जिसके बाद राज्यपाल ने एक-एक कर सभी मंत्रियों को शपथ दिलाई। शपथ ग्रहण के दौरान पूरे सभागार में तालियों की गूंज सुनाई देती रही, जिससे माहौल उत्साहपूर्ण बना रहा।
इस महत्वपूर्ण अवसर पर उत्तराखण्ड के पूर्व मुख्यमंत्री एवं महाराष्ट्र के पूर्व राज्यपाल भगत सिंह कोश्यारी की उपस्थिति ने कार्यक्रम की गरिमा को और बढ़ा दिया। इसके अलावा कैबिनेट मंत्री सुबोध उनियाल, रेखा आर्या, गणेश जोशी और सौरभ बहुगुणा भी मौजूद रहे।
सांसद महेन्द्र भट्ट और नरेश बंसल सहित कई गणमान्य व्यक्तियों, वरिष्ठ अधिकारियों और पार्टी पदाधिकारियों ने भी समारोह में भाग लिया। कार्यक्रम का संचालन मुख्य सचिव आनन्द बर्द्धन द्वारा किया गया, जिन्होंने पूरे आयोजन को सुव्यवस्थित तरीके से संपन्न कराया।
राजनीतिक जानकारों का मानना है कि मंत्रिमंडल के इस विस्तार से सरकार को नई ऊर्जा मिलेगी और विभिन्न क्षेत्रों में विकास कार्यों को गति मिलेगी। नए मंत्रियों के शामिल होने से संगठन और सरकार के बीच समन्वय और मजबूत होने की उम्मीद जताई जा रही है।
शिव शक्ति के भाव के साथ आयोजित यह शपथ ग्रहण समारोह न केवल सत्ता संरचना के विस्तार का संकेत था, बल्कि यह प्रदेश में विकास, स्थिरता और जनकल्याण के प्रति सरकार की प्रतिबद्धता का भी प्रतीक बनकर उभरा।










