ईई जितेन्द्र की सजा पूरी डिवजिन को ही क्यों ?

230

पेयजल निगम के अधिकारियों में मारपीट का मामला
2013 से एक ही डिविजन में जमें हैं ईई जितेन्द्र सिंह देव
प्रवीण राय व जितेन्द्र ने विशाल से गत 17 मई को की थी मारपीट
देहरादून। पेयजल निगम के एसई प्रवीण राय व ईई जितेन्द्र सिंह देव ने गत 17 मई की रात्री ईई विशाल कुमार के साथ जल निगम कालोनी सीमाद्वार में मारपीट की जिसके बाद इन तीनों के खिलाफ विभागीय कार्रवाई की गई। एसई प्रवीण कुमार का स्थानान्तरण जनपद पौड़ी, ईई जितेन्द्र सिंह देव का स्थानान्तरण नई टिहरी जहां नई डिविजन बनाई गई है जबकि ईई विशाल कुमार का स्थानान्तरण उधमसिंह नगर में किया गया है। ईई जितेन्द्र सिंह देव का स्थानान्तरण सजा के तौर पर किया गया है लेकिन विभागीय अधिकारियों का कारनामा देखें की देहरादून से पूरी की पूरी डिविजन को ही नई टिहरी भेज दिया गया है। जितेन्द्र द्वारा की गई मारपीट की सजा लगभग उन 25 लोगों को भी मिली है जिन्हें डिविजन के साथ टिहरी भेजा गया है।
एसई प्रवीण राय व ईई जितेन्द्र सिंह देव पहले भी किसी ने किसी रूप में चर्चा में रहे हैं। एसई प्रवीण राय का स्थानान्तरण प्रशासनिक आधार पर अल्मोड़ा कर दिया गया था लेकिन क्या कारण रहा कि कुछ ही दिनों में उनकी देहरादून वापसी हो गई। यह अपने आप में सवाल खड़ा करता है। जबकि ईई जितेन्द्र सिंह देव 2006 से देहरादून में ही तैनात है और इस पर सोने पर सुहागा 2013 से एक ही डिविजन में जमे पड़े हैं। जबकि प्रदेश की स्थानान्तरण नीति के अनुसार तीन साल से अधिक एक ही स्थान पर तैनाती नहीं रह सकती है और जितेन्द्र देव सिंह की तो 10 साल से डिविजन ही नहीं बदली गई है।
गत 17 मई की मारपीट के कारण जितेन्द्र देव सिंह को नई टिहरी स्थानन्तरित किया गया है। लेकिन उनके साथ ही उनके द्वारा की गई मारपीट का खामिजा उनकी डिविजन में तैनात कर्मचारियों को भी मिला है। उनके साथ ही लगभग 25 लोगों को भी पूरी डिविजन के साथ नई टिहरी भेजा गया है।